राजनांदगांव। थाना सोमनी पुलिस ने मानसिक रूप से कमजोर महिला और उसके छोटे बच्चे को सुरक्षित रखकर इलाज की व्यवस्था की, जिससे मानवीय पहल का परिचय मिला।
जानकारी के अनुसार, 24 अप्रैल 2026 की रात करीब 11 बजे डायल 112 पर सूचना मिली कि एक महिला अपने 3-4 साल के बच्चे के साथ ग्राम देवादा के पास हमारा ढाबा में भटक रही है। वरिष्ठ अधिकारियों को सूचना मिलने पर पुलिस अधीक्षक सुश्री अंकिता शर्मा, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री कीर्तन राठौर और नगर पुलिस अधीक्षक श्री अलेक्जेण्डर किरो के निर्देशन में थाना प्रभारी सोमनी निरीक्षक अरुण कुमार नामदेव ने महिला पुलिस स्टाफ के साथ मौके पर पहुंचकर महिला और बच्चे को सुरक्षित थाना ले आए।
महिला ने अपना नाम पिलिस्ता मुंडा और बच्चे का नाम ऋषभ बताया। प्रारंभिक जांच में महिला मानसिक रूप से कमजोर प्रतीत हुई। रात्रि अधिक होने के कारण उसे सखी सेंटर में सुरक्षित रखा गया और जिला अस्पताल राजनांदगांव में डॉक्टरों द्वारा परीक्षण कराया गया। चिकित्सकों के अनुसार महिला मानसिक रूप से कमजोर पाई गई।
विधिवत कार्रवाई करते हुए माननीय न्यायालय से अनुमति प्राप्त कर महिला को राज्य मानसिक चिकित्सालय, सेंदरी, बिलासपुर में भर्ती कराया गया।
थाना प्रभारी निरीक्षक अरुण कुमार नामदेव, प्रधान आरक्षक भूपेंद्र कौंचे, आरक्षक मनीष तिवारी, विनय सिंह, महिला आरक्षक ममता टोप्पो, मनीषा मानिकपुरी एवं सखी सेंटर स्टाफ की इस कार्यवाही में महत्वपूर्ण भूमिका रही।

